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Top Motivational Short Story in Hindi
प्रेरणादायक कहानी
यह Top Motivational Short Story in Hindi for Students
आपको सिखाएगी कि आपको क्यों ज़िन्दगी में कभी हार नहीं माननी चाहिए
अगर आप ऐसी कहानियाँ ढूँढ रहे हैं - Top Motivational Short Story in Hindi for Students/संघर्ष ही जीवन है पर कहानी / बेस्ट मोटिवेशनल स्टोरी इन हिंदी / बेस्ट मोटिवेशनल कहानी / Real Life Inspirational Stories in Hindi /कॉलेज के छात्रों के लिए प्रेरणादायक कहानियों / Inspirational Story in Hindi / सफलता Motivational Story in Hindi / सफलता की प्रेरक कहानी / संघर्ष से सफलता की कहानी / Real Life Inspirational Stories in Hindi / Real Life inspirational Stories in Hindi / Best Hindi Motivational Story
तो पूरी पढ़िए ये कहानी
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आज हम बात करेंगे एक ऐसी Top Motivational Short Hindi Story for Students के बारे में जो आपको हर निराशा से बाहर ला देगी, जीवन के इस अपार संघर्ष में कभी-कभी हम टूट जाते हैं अंदर तक, मन हार मानने लगता है, ये ज़िन्दगी हमें एक बोझ जैसे लगने लगती है, हमें खुद कभी-कभी ये पता नहीं होता कि हम ज़िन्दगी जी रहे हैं तो आखिर क्यों जी रहे हैं ? ये अकेलापन, ये परेशानियाँ हमारा हौसला पस्त कर देती है ..हमें बार-बार और हर बार असफलता ही हाथ लगती है, और फिर हम भाग्य को और उस भाग्यविधाता को कोसने लगते हैं…
अगर आप भी ऐसी ही मानसिकता व परिस्थिति से गुजर रहे हैं … तो हाँ आप ही के लिए ये एक प्रेरणा देने वाली कहानी है जो आपको इस नाउम्मीदी से बाहर ला देगी और हो सकता है फिर आपको अपनी ये ज़िन्दगी बोझ न लगे …
बने रहिये मेरे साथ और पढ़िए पूरी कहानी —- Top Motivational Short Story in Hindi for Students / Depression
Top Motivational Short Story in Hindi
प्रेरणादायक कहानी शीर्षक -भगवान् से बातचीत
आज मैंने हार माननी चाही !!
मैंने अपनी Job छोड़ दी
अपने सारे रिश्ते छोड़ दिए..!
अपनी आध्यात्मिकता छोड़ दी..!
मैं आज अपनी जिंदगी खत्म करना चाहता था..!
यही सोचकर… मैं ईश्वर से आखिरी मुलाकात करने एक जंगल में गया।
एक आख़िरी बात करने…,
मैंने कहा..“हे भगवान्”,
“क्या आप मुझे कोई एक ऐसी वजह बता सकते हैं कि मैं आखिर हार क्यों न मानूँ ??
उनके जवाब ने मुझे चकित कर दिया।
“आसपास देखो दोस्त”, भगवान् ने कहा
“क्या तुम्हें अपने आस-पास घास और Bamboo (बाँस) के पेड़ दिख रहे हैं ?
मैंने कहा – हाँ…
भगवान् बोले – “जब मैंने इनके बीज ज़मीन में बोए, तो मैंने इनका बहुत ध्यान रखा।
मैंने इन्हें रौशनी दी…मैंने इन्हें पानी दिया।
ये छोटे-छोटे पेड़ पौधे बहुत जल्दी बड़े हुए और पूरी धरती को हरा-भरा कर दिया।
पर Bamboo के बीज से कुछ नहीं निकला।
पर मैंने Bamboo को छोड़ नहीं दिया।
Top Motivational Short Story
एक साल में चारों ओर हरियाली ही हरियाली हो गई।
सारे पौधे फल-फूल रहे थे।
पर Bamboo का कोई निशाँ तक नहीं था।
दूसरे साल भी पेड़-पौधे बढ़ते गए,
पर Bamboo अभी तक नहीं उगा था।
पर मैंने Bamboo को छोड़ा नही।
तीन साल गुज़र गए, कुछ नहीं हुआ।
पर मैंने हार नहीं मानी क्योंकि मुझे विश्वास था।
4 साल में भी कुछ नहीं आया।
पर मैंने हार नहीं मानी।
पाँचवें साल में धरती से Bamboo का बीज अंकुरित हुआ।
दूसरे सारे पेड़-पौधों की तुलना में ये बहुत ही छोटा था।
पर केवल 6 महीने में Bamboo (बाँस) 100 फीट तक बढ़ गया।
क्या तुम्हें पता है ?
उसने 5 साल अपनी जड़ें मजबूत करने में…उन्हें फ़ैलाने में बिताए।
और उन जड़ों ने उसे मजबूत बनाया।
और आवश्यकता की वो चीजें दी, जो उस के लिए जरुरी थी।
मैं ध्यान से सुनता रहा –
भगवान ने मुझसे कहा- “मैं किसी को भी ऐसी चुनौती नहीं दूँगा, जिसे वो पूरा न कर पाए”
“क्या तुम्हें पता हैं, अभी तक तुम अपनी जड़ें मजबूत कर रहे थे..??
“मैंने कभी Bamboo का साथ नहीं छोड़ा, मैं तुम्हें भी कभी अकेला नहीं छोडूँगा ।
“तुम खुद को दूसरों से Compare मत करो कभी….
“सबकी अपनी-अपनी परेशानियाँ होती हैं | “तुम्हारा समय भी आएगा।”
दोस्तों…,
मैंने फिर हार नहीं मानी, और मैं निरंतर आगे बढ़ता ही गया।
क्योंकि अब मुझे खुद पर और अपने ईश्वर पर यकीन है।
Top Motivational Short Story in Hindi Moral / सीख –
दोस्तों सबका भाग्य एक जैसा नहीं होता, और सब में एक-सी विशेषता भी नहीं होती , तो क्यों फिर हम खुद की तुलना दूसरों से करने लगते हैं और फलस्वरूप निराश हो जाते हैं … ये बात ध्यान रखिए कि ईश्वर ने हर व्यक्ति को कुछ न कुछ ख़ास विशेषता दी है.. किसी को पढाई में बेहतर बनाया तो, किसी को खेल में, किसी को गायिकी में तो, किसी को नृत्यकला में … ऐसे ही कोई न कोई तो ऐसा क्षेत्र होगा ही जिस में आप बाकी लोगों से बेहतर होंगे ? समय निकाल कर सोचिए एक बार अपने बारे में, और लग जाइए मेहनत में, कुछ समय बाद आप खुद को एक सही मुकाम पर पाएँगे |
संस्कृत में कविकुल शिरोमणि कालिदास जी ने लिखा भी है – “रात्रिर्गमिष्यति भविष्यति सुप्प्रभातम्” अर्थात रात जाएगी और सुबह आएगी इसी तरह कभी हार मत मानो, आज हालात मुश्किलों से भरे हैं .. कल और भी बदतर हो सकते हैं लेकिन यकीन रखो, परसों धूप जरूर खिलेगी |
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आपको ये Top Motivational Short Story in Hindi for Students / Depression (भगवान् से बातचीत) कहानी कैसी लगी ? हमें अपना Feedback देकर जरूर बताइएगा, और हाँ अपने दोस्तों के साथ share करना न भूलिएगा, क्योंकि हो सकता है ये Inspiring Hindi Story कहानी उन्हें भी नाउम्मीदी से बाहर ले आए |
शुक्रिया दोस्तों मेरे इस ब्लॉग पर आने व अपना कीमती समय देने के लिए, मैं ऐसी ही बेहतरीन प्रेरणादायक कहानी आप के लिए लाता रहूँगा हमसे जुड़िएगा जरूर, दिल से बहुत-बहुत आभार आपका |